श्रद्धेया शैलदीदी ने दक्षिण भारत हेतु ज्योति कलश का किया पूजन

हरिद्वार, 27 दिसंबर।

गायत्री तीर्थ शांतिकुंज में तीन दिवसीय ज्योति कलश यात्रा कार्यशाला का शुभारंभ हुआ है। शांतिकुंज के वरिष्ठ प्रतिनिधियों द्वारा प्रथम सत्र का दीप प्रज्वलन के साथ शुभारंभ हुआ। इस यात्रा का उद्देश्य दक्षिण भारत में जन जागरण फैलाना है, जिससे लोगों को समाज और जीवन मूल्य और आध्यात्मिक जागरूकता के प्रति जागरूक किया जा सके और समाज में अच्छाई और सकारात्मकता का प्रचार-प्रसार हो सके।

वर्ष 2026 गायत्री परिवार के संस्थापक पूज्य पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा प्रज्वलित अखण्ड ज्योति का शताब्दी वर्ष है। देश भर में जनजागरण हेतु गायत्री तीर्थ शांतिकुंज हरिद्वार से देश भर में ज्योति कलश यात्रा निकाली जा रही है। इसी क्रम में दक्षिण भारत के राज्यों हेतु अखिल विश्व गायत्री परिवार की अधिष्ठात्री श्रद्धेया शैलदीदी ने आठ दिव्य कलशों का वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजन किया और कर्नाटक, तमिलनाडू, आंध्रप्रदेश, तेलगांना, केरल से आये परिजनों को सौंपा।

इस अवसर पर श्रद्धेया शैलदीदी ने कहा कि हिमालय की छाया में बसा शांतिकुंज से ज्योति कलश का प्रवाह दक्षिण भारत के राज्यों को प्रकाशित करेगा। हमारे आराध्यदेव पूज्य पं. श्रीराम शर्मा आचार्य जी ने सम्पूर्ण भारत को एक परिवार के रूप में माना है। शिविर समन्वयक श्री परमानंद द्विवेदी ने बताया कि दक्षिण भारत के कर्नाटक, तमिलनाडू, आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, और केरल के लिए अलग अलग ज्योति कलश यात्रा निकाली जायेगी, जो प्रत्येक गाँव, कस्बा, शहर में अलख जगायेगी। ज्योति कलश यात्रा कार्यशाला तीन दिन चलेगी, जिसमें शांतिकुंज व्यवस्थापक श्री योगेन्द्र गिरी, देवसंस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति युवा आइकान डॉ चिन्मय पण्ड्या, शांतिकुंज महिला मण्डल प्रमुख श्रीमती शेफाली पण्ड्या सहित अनेक विषय विशेषज्ञ संबोधित करेंगे। इस कार्यशाला में कर्नाटक, तमिलनाडू, आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, और केरल से आये दो सौ से अधिक भाई-बहिन शामिल हैं।

  • Related Posts

    पैसों से सुख नहीं खरीदा जा सकता : आर्यिका पूर्णमति

    हरिद्वार, हरिद्वार के प्रेम नगर आश्रम सभागार में परम् पूज्य आर्यिका 105 पूर्णमति माता के सानिध्य में चल रहे 1008 भक्तामर महामण्डल बीजाक्षर विधान, विश्व शांति महायज्ञ का सातवां दिन…

    भक्तिमय माहौल में सम्पन्न हुआ 1008 भक्तामर महामण्डल बीजाक्षर विधान का छठा दिन

    सदैव सत्य, अहिंसा और धर्म के मार्ग पर चलना चाहिए:पूर्णमति हरिद्वार। प्रेमनगर आश्रम के हॉल में आर्यिका 105 पूर्णमति माताजी के सानिध्य में आयोजित हो रहे 1008 भक्तामर महामण्डल बीजाक्षर…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    पैसों से सुख नहीं खरीदा जा सकता : आर्यिका पूर्णमति

    • By Admin
    • March 11, 2026
    • 5 views

    भक्तिमय माहौल में सम्पन्न हुआ 1008 भक्तामर महामण्डल बीजाक्षर विधान का छठा दिन

    • By Admin
    • March 10, 2026
    • 4 views

    प्रेमनगर आश्रम में आचार्य समयसागर जी का 46वां दीक्षा समारोह हर्षोल्लास के साथ मनाया

    • By Admin
    • March 9, 2026
    • 4 views

    मौलाना अब्दुल सलीम के बयान पर भड़के अखाड़ा परिषद अध्यक्ष श्रीमहंत डॉ रविंद्रपुरी महाराज

    • By Admin
    • March 9, 2026
    • 6 views

    गृहमंत्री ने आगामी चुनाव में भाजपा की जीत सुनिश्चित की: श्रीमहंत डॉ रविंद्र पुरी 

    • By Admin
    • March 7, 2026
    • 5 views

    कुंभ की व्यवस्थाओं पर विवाद की खबरों पर संत समाज का पलटवार, ‘बिना प्रमाण बदनाम न करें’, कार्रवाई करे सरकार

    • By Admin
    • March 3, 2026
    • 7 views