बच्चों में सीखने की प्रवृत्ति विकसित करेगा ‘जादुई पिटारा’: डॉ. धन सिंह रावत

*प्रथम चरण में पौड़ी व पिथौरागढ़ के 2327 विद्यालयों को मिला जादुई पिटारा*

*3 से 8 वर्ष के बच्चों के लिये तैयार की गई खेल आधारित शिक्षण सामग्री*

देहरादून/पौड़ी, 15 मई 2025

प्रदेशभर के प्राथमिक विद्यालयों में ‘जादुई पिटारे’ के माध्यम से बच्चों में सीखने की समझ विकसित की जायेगी। इस पिटारे में बच्चों के लिये खिलौने, कठपुतलियां, दिलचस्प कहानियां उपलब्ध कराई गई है। राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) द्वारा इस खेल आधारित शिक्षण सामग्री को 3 से 8 आयु वर्ष के बच्चों के लिये तैयार किया गया है। इस जादुई पिटारे को प्रदेशभर के सभी प्राथमिक विद्यालयों में उपलब्ध कराया जायेगा। प्रथम चरण में पौड़ी और पिथौरागढ़ जनपद के दो हजार से अधिक विद्यालयों में जादुई पिटारा उपलब्ध करा दिया गया है। जबकि शेष 11 जनपदों में जादुई पिटारा शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दे दिये गये हैं।

सूबे के विद्यालयी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने आज अपने विद्यानसभा क्षेत्र भ्रमण के दौरान पाबौं के ब्लॉक के विभिन्न प्राथमिक विद्यालयों में राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) द्वारा विकसित खेल आधारित अधिगम सामग्री ‘जादुई पिटारा’ वितरित किया। इस अवसर पर डॉ. रावत ने कहा कि प्रदेश में शिक्षा के बुनियादी स्तर को मजबूत करने के लिये राज्य सरकार शिक्षा से संबंधित विभिन्न नवीन तकनीकों को प्रदेश में लागू कर रही है। उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति-2020 की अनुशंसा के अनुरूप एनसीईआरटी द्वारा विकसित नया स्टडी मटेरियल ‘जादुई पिटारा’ को प्रदेशभर के प्राथमिक विद्यालयों में उपलब्ध कराया जा रहा है। प्रदेश में समग्र शिक्षा के तहत प्रथम चरण में पौड़ी और पिथौरागढ़ जनपद के 2327 प्राथमिक विद्यालयों में जादुई पिटारे वितरित किये जा चुके है। जिसमें पौड़ी जनपद में 1354 प्राथमिक विद्यालय जबकि पिथौरागढ़ जनपद में 973 विद्यालय शामिल हैं। विभागीय मंत्री डा. रावत ने बताया कि द्वितीय चरण में शेष 11 जनपदों के 8939 प्राथमिक विद्यालयों में जादुई पिटारा वितरित किया जायेगा। जिसमें अल्मोड़ा जनपद के 1248, बागेश्वर 561, चमोली 919, चम्पावत 477, देहरादून 881, हरिद्वार 666, नैनीताल 937, रूद्रप्रयाग 521, टिहरी 1265, ऊधमसिंह नगर 778 तथा उत्तरकाशी जनपद के 686 प्राथमिक विद्यालय शामिल हैं। उन्होंने बताया कि जादुई पिटारा प्रथमिक स्तर पर 3 से 8 वर्ष के बच्चों पढ़ाई के प्रति दिलचस्पी, सीखने की ललक, चिंतन कौशल, गणित और भावनात्मक कल्याण को बढ़ाने में मददगार साबित होगा। इस पिटारे में बच्चों के लिये खिलौने, पहेलियां, दिलचस्प कहानियां उपलब्ध कराई गई है। इसके अलावा खेल, चित्रकला, नृत्य व संगीता पर आधारित शिक्षा भी जादुई पिटारा में शामिल हैं।

  • Related Posts

    भोपाल सिंह अध्यक्ष और धर्मपाल सिंह ठेकेदार महामंत्री निर्वाचित, शांतिपूर्ण सम्पन्न हुए चुनाव 

    कड़ी सुरक्षा के बीच अखिल भारतीय सैन समाज धर्मशाला ट्रस्ट समिति के त्रिवार्षिक चुनाव संपन्न। हरिद्वार, 15 मार्च। नया हरिद्वार कॉलोनी स्थित सैन समाज धर्मशाला में अखिल भारतीय सैन समाज…

    एस.एम.जे.एन. पी.जी. कॉलेज की एनएसएस इकाई ने बस्तियों में चलाया जन-जागरूकता अभियान

    हरिद्वार 14 मार्च एस.एम.जे.एन. पी.जी. कॉलेज की राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) इकाई के सात दिवसीय विशेष शिविर के दूसरे दिन का आगाज़ योग और समाज सेवा के संकल्प के साथ…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    भोपाल सिंह अध्यक्ष और धर्मपाल सिंह ठेकेदार महामंत्री निर्वाचित, शांतिपूर्ण सम्पन्न हुए चुनाव 

    • By Admin
    • March 15, 2026
    • 3 views

    एस.एम.जे.एन. पी.जी. कॉलेज की एनएसएस इकाई ने बस्तियों में चलाया जन-जागरूकता अभियान

    • By Admin
    • March 14, 2026
    • 3 views

    प्रयोगात्मक ज्ञान हर छात्र के लिए अनिवार्य – श्रीमहंत डॉ रविंद्र पुरी

    • By Admin
    • March 14, 2026
    • 5 views

    श्रवण नाथ बाजार व्यापार मंडल के चुनाव संपन्न, मनोज खुराना निर्विरोध अध्यक्ष चुने गए

    • By Admin
    • March 13, 2026
    • 3 views

    एस.एम.जे.एन. पीजी कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना के सात दिवसीय विशेष शिविर का भव्य शुभारंभ

    • By Admin
    • March 13, 2026
    • 6 views

    कुम्भ-2027 को लेकर सड़क व रेल यातायात से जुड़ी तैयारियों की समीक्षा

    • By Admin
    • March 12, 2026
    • 4 views